व्यापार जगत : SBI सहित ये 15 बैंक अपनाने जा रहे ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी, कैसे होगा फायदा-पढ़े पूरी खबर

व्यापार जगत : SBI सहित ये 15 बैंक अपनाने जा रहे ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी, कैसे होगा फायदा-पढ़े पूरी खबर Pradakshina Consulting PVT LTD Support Us
नई तकनीक से ऐसे मिलेगा फायदा
  • टेक्नोलॉजी अडवांसमेंट की दिशा में आगे बढ़ते हुए देश के 15 बैंकों ने मिलकर ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी को अपनाने का फैसला किया है. यह वहीं टेक्नोलॉजी है जिस पर बिटक्वॉइन, इथीरियम, डोजिक्वॉइन जैसी क्रिप्टोकरेंसी आधारित है. दरअसल SBI, HDFC, ICICI, कोटक महिंद्रा बैंक, एक्सिस बैंक समेत देश के 15 प्रमुख बैंकों ने मिलकर एक नई कंपनी बनाई है जिसका नाम इंडियन बैंक्स ब्लॉकचेन इन्फ्रास्ट्रक्चर कंपनी प्राइवेट लिमिटेड (IBBIC) रखा गया है.
  • माना जा रहा है कि इस टेक्नोलॉजी की मदद से MSMEs सेक्टर का कायाकल्प होगा साथ ही फ्रॉड की संभावना शून्य हो जाएगी. IBBIC मूल रूप से लेटर ऑफ क्रेडिट (Letters of Credit (LCs), जीएसटी इनवॉयस, ई-वे बिल संबंधी समस्याओं को टेक्नोलॉजी के माध्यम से हल करेगी. इसके कारण पेपर वर्क काफी कम हो जाएगा साथ ही ट्रांजैक्शन प्रोसेस में समय भी कम लगेगा. इसके अलावा हर तरह का ट्रांजैक्शन ऑन रिकॉर्ड और सिक्यॉर्ड होगा.
बिजनेस के लिए LC बहुत महत्वपूर्ण
  • LC या Letters of Credit बिजनेस के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण होता है. यह किसी बैंक द्वारा जारी किया जाता है. जब कोई बैंक एलसी जारी करता है तो वह जारी करने वाले एंटिटी को वादा करता है तो बायर उसके पैसे का भुगतान समय से कर देगा. अगर बायर ऐसा करने में अक्षम होता है तो बैंक LC पाने वाले एंटिटी को बकाया का भुगतान करता है. आसान शब्दों में इसे बैंक गारंटी कह सकते हैं. खासकर इंपोर्ट और एक्सपोर्ट के मामलों में एलसी की ज्यादा जरूरत होती है.
पेमेंट के लिए इनवॉयस को
टोकन में कंवर्ट कर दिया जाएगा
  • अगर Letters of Credit को ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी आधारित टोकन के रूप में जारी किया जाता है तो प्रॉसेस में लगने वाला समय घट जाएगा. इसके अलावा ह्यूमन एरर की गुंजाइश नहीं रहेगी साथ ही फ्रॉड की संभावना भी नहीं रहेगी. इस टेक्नोलॉजी की मदद से बेसिक इनवॉइस को टोकन के रूप में कंवर्ट कर दिया जाएगा. इसी टोकन का इस्तेमाल पेमेंट के लिए किया जाएगा.
एक साल के भीतर
काम करने लगेगा यह सिस्टम
  • बिजनेस इनसाइडर इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, यह सिस्टम अगले एक साल के भीतर काम करने लगेगा. साथ ही नई कंपनी में सभी 15 बैंकों की 6.66 फीसदी की समान हिस्सेदारी होगी. अगर कोई नया बैंक या फाइनेंशियल इंस्टिट्यूशन इसके साथ जुड़ना चाहता है तो वह किसी भी समय जुड़ सकता है.

ये हैं 15 सदस्यीय बैंक

  • 15 सदस्यीय बैंकों में 4 सरकारी और 11 प्राइवेट सेक्टर के बैंक हैं. चार सरकारी बैंक, एसबीआई, कैनरा बैंक, इंडियन बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा हैं. इसके अलावा प्राइवेट बैंकों में HDFC Bank, ICICI Bank, Kotak Mahindra Bank, Axis Bank, IndusInd Bank, Yes Bank, RBL Bank, IDFC Bank, South Indian Bank, and Federal Bank शामिल हैं. इसके अलावा एक इंटरनेशनल बैंक Standard Chartered भी इस क्लब में शामिल है.

इंफोसिस का आईटी सपोर्ट

  • यह सिस्टम इंफोसिस के ब्लॉकचेन आधारित प्लैटफॉर्म Finacle Connect पर डिजाइन्ड होगा. पायलट के तौर पर एसबीआई और एक्सिस बैंक ने इंडिविजुअल स्तर पर इसका प्रयोग किया है।

व्यापार जगत : SBI सहित ये 15 बैंक अपनाने जा रहे ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी, कैसे होगा फायदा-पढ़े पूरी खबर Pradakshina Consulting PVT LTD

Support Us

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *